Is it healthy to drink water while having dinner or lunch?

The main area of debate is whether or not drinking water during a meal is harmful or beneficial to the digestive process. There is no doubting the fact that drinking too much water during meals can interfere with the natural and necessary levels of bile and stomach acid. This would slow the digestion process and reduce the body’s ability to produce enough digestive enzymes to digest foods properly. Without proper digestion, a build up of toxic waste can occur no matter what you are eating. We can apply the same principles when thinking about other beverages we might consume during a meal. In the case of alcoholic drinks and acidic beverages like soda, they tend to dry up the saliva your glands have produced, making it even more difficult to properly digest food. Drinking water or other beverages while they are cold also slows down digestion and can create cramping in some individuals.

It is clear that drinking water before and after you eat aids the digestive process. The general consensus on this is that drinking water about 30 minutes before you eat will help keep the body hydrated which results in optimal digestion. For the liver, this is also important as overall body hydration aids in optimal liver performance. Drinking water about 30 minutes after can also assist in hydrating the body through the latter parts of digestion and replenish the lost liquids from digestion. It is important to note that drinking water during a meal would be more beneficial than not drinking while eating if you are not properly hydrated before hand. Eating while dehydrated can cause the body to have a very tough time digesting food

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​ज़कात किस पर फ़र्ज़ है ?

जिस के पास निसाब के ज़्यादा रक़म हो और एक साल गुज़र चुका हो ।

निसाब क्या है ?

ये रक़म कुल मिला कर 7.5 तोला सोना या 52.5 तोला चाँदी मे से जमाने के एतबार से जिस की क़ीमत कम हो ।

किस माल पर ज़कात दी जाए ? 

सोना + चाँदी (आज के भाव से ) + बिज़नेस का माल ( हर वो चीज़ जिस को नफ़ा हासिल करने की नियत से ख़रीद रखा हो )+ केश + बेंक बेलेनस + किसी से उधार के लेना बाक़ी हो 

इन मे से अगर किसी को देना बाक़ी हो वो बाद होगा।

इस रक़म का 2.5% ज़कात दी जाएगी ।

किस माल पर ज़कात नही है ?

-एक से ज़्यादा मकान जो बेच कर नफ़ा हासिल करने के लिये ना ख़रीदा हो ।

वैसे ही ज़रूरत से ज़्यादा के बरतन , कपड़े , गाड़ी ,जानवर , ज़मीन । ( जिस को रखने का इरादा नफ़े का न हो )

हॉं इन मे से जिस मे किराया वग़ैरह की आमदनी होती हो तो उस आमदनी पर भ ज़कात फ़र्ज़ है ।

ज़कात को साल मे किसी भी एक दीन तय कर के हर साल उसी दिन निकाला जाए ये अफ़ज़ल है । ( मिसाल के तौर पर १ रमज़ान या १ मुहर्रम ।)

ज़कात किसे दी जाए ?

बड़ी तहक़ीक़ के साथ , 

जिस की आमदनी बहुत कम हो , या बड़ी बीमारी मे ख़र्च ज़्यादा हो , या ग़रीब तालीब-ए-इल्म या एसा मुसाफ़िर जो चाहे मालदार हो पर अभी घर पहुँचने लायक पैसा जिसके पास ना हो ।

एसे लोगों को ढुंढ कर अपनी ज़कात पहुँचाए , वैसे ही ना अहल को ज़कात दे देने से ज़कात क़बूल नही होती ।

सिर्फ़ अल्लाह ही सब से ज़्यादा जानने वाला है ।